गुरु घासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी कुलपति और प्रबंधन पर गंभीर आरोप.. शिकायत के साथ एफआईआर की मांग.. यूनिवर्सिटी के हॉस्टल में रहने वाले छात्रों की सुरक्षा पर उठ रहे सवाल..

बिलासपुर– सेंट्रल यूनिवर्सिटी में छात्र की मौत के मामले ने गंभीर रूप ले लिया है, पोस्टमार्टम के दौरान रविवार को हंगामा खड़ा हो गया, सिम्स हॉस्पिटल में वीडियोग्राफी के साथ तीन डॉक्टरों की टीम ने पोस्टमार्टम किया है.. जब मृत छात्र के परिजनों ने आरोप लगाया कि उन्हें जबरन कमरे में बंद कर दिया गया और शव का पोस्टमार्टम उनकी मौजूदगी के बिना किया गया.. छात्र कौशलबेर अंसारी है, जो भौतिक संकाय के पाँचवें सेमेस्टर का छात्र था, वह 21 अक्टूबर से लापता था और 23 अक्टूबर को विश्वविद्यालय परिसर के तालाब से उसका शव बरामद हुआ..

परिजनो का आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रबंधन ने मामले को दबाने की कोशिश की और सूचना मिलने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की, सोमवार को जब शव का पोस्टमार्टम होना था, तब पिता और भाई को कमरे में बंद कर दिया गया, जिससे गुस्साए परिजनों और छात्रों ने जमकर हंगामा किया.. हंगामे के बीच आखिरकार डॉक्टरों की टीम ने पुलिस सुरक्षा में पोस्टमार्टम किया। शव को बाद में परिजनों को सौंप दिया गया..

मृतक के पिता ने कुलपति और विश्वविद्यालय प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। उनका कहना है कि उनके बेटे की मौत संदिग्ध परिस्थितियों में हुई है और इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है, सूत्रों के अनुसार, परिजनों ने विश्वविद्यालय प्रबंधन पर लापरवाही, मानसिक उत्पीड़न और सच्चाई छिपाने का आरोप लगाया है, शिकायत में कुलपति समेत अन्य अधिकारियों पर आपराधिक मामला दर्ज करने की मांग की गई है.. फिलहाल पुलिस ने शिकायत प्राप्त कर ली है और जांच शुरू कर दी है, छात्रों के एक वर्ग ने विश्वविद्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी है..

गुरु घासीदास सेंट्रल यूनिवर्सिटी प्रबंधन की घोर लापरवाही सामने आई है, विवेकानंद हॉस्टल के कमरे में रहने वाला कौशलबेर 20 अक्टूबर से गायब था लेकिन वार्डन और प्रबंधन ने इसे लेकर कोई तत्परता नहीं दिखाई और न ही छात्रों की सुरक्षा को लेकर व्यापक व्यवस्था है, दूसरी ओर पिता के जानकारी देने के बाद भी वार्डन ने पुलिस में 3 दिन बाद शिकायत दर्ज कराई.. ऐसे ही पूर्व में होली त्यौहार में सुबह 4 बजे हॉस्टल में रहने वाले युवक युवती बिना जानकारी के बाइक में घूमने निकल गए थे जिस दौरान एक हादसे में युवक की मौत हो गई थी, विश्विद्यालय में ऐसी लापरवाही लगातार सामने आती रही है, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं होनी की वजह से दुर्घटनाएं खत्म होने का नाम नहीं ले रही है,



